वाहन प्रदूषण जांच केंद्र कैसे खोलें, पुरी जानकारी | Vahan Pradushan Janch kendra kaise khole in hindi

वाहन प्रदूषण जांच केंद्र कैसे खोले, प्रमाण पत्र, ऑनलाइन आवेदन, योग्यता, निवेश, उपकरण, लाभ ( Vahan Pradushan Janch kendra kaise khole in hindi, pollution testing center(PUC Center) (Apply Online, Near me, How to open, investement, eligibility, Process, items)

वर्तामन समय में वाहन प्रदुषण जांच की मांग बढ़ती जा रही है. क्योंकि जब से भारत सरकार ने नया वाहन एक्ट जारी किया है. जिसके अंतर्गत वाहन चालकों के पास वाहन संबंधित सभी प्रकार के दस्तावेज नहीं होने पर वाहन चालकों को जुर्माना उठाना पड़ सकता है. यदि कोई वाहन चालक यातायात के कानून नियम को तोड़ता है तो उस पर कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है. इस नए मोटर एक्ट व्हीकल के अंतर्गत सरकार ने सभी वाहन चालकों के पास वाहन प्रदूषण सर्टिफिकेट होना आवश्यक कर दिया है
जिसके चलते यदि किसी वाहन चालकों के पास वाहन प्रदूषण सर्टिफिकेट नहीं पाया जाता है तो उस पर 10 हजार का जुर्माना लग सकता है. ऐसे में वाहन प्रदूषण जांच केंद्र खोलना आपके लिए बहुत ही लाभकारी साबित हो सकता है इस लेख में वाहन प्रदूषण जांच केंद्र को शुरू करने के बारे में पूरी जानकारी बताई गई है.

Vahan pradushan janch kendra

Table of Contents

वाहन प्रदुषण जांच केंद्र क्या है ( what is vahan pradushan janch kendra)

वाहन प्रदूषण केंद्र वह केंद्र है जहां पर वाहन चालकों के वाहन का प्रदूषण सर्टिफिकेट बनाया जाता है. जिससे यह पता चल सकता है कि कौन सा वाहन हमारे वातावरण को कितना प्रदूषित कर रहा है. इसीलिए सभी वाहन चालकों के लिए जितना जरूरी ड्राइविंग लाइसेंस और वाहन के डॉक्यूमेंट है. उतना ही जरूरी प्रदूषण सर्टिफिकेट भी है. यह दस्तावेज सिर्फ प्रदूषण जांच केंद्र पर ही बनता है. यदि आपके पास वाहन प्रदूषण का सर्टिफिकेट नहीं है तो आपको सरकार की तरफ से कुछ जुर्माना या कानूनी दंड भी झेलना पड़ सकता है. इसीलिए वाहन प्रदूषण सर्टिफिकेट बनाना जरूरी है.

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वाहन प्रदूषण जांच केंद्र कैसे खोलें ( how to start vahan pradushan janch kendra)

जैसा कि हमने आपको बताया कि सरकार द्वारा नयी मोटर एक्ट व्हीकल लागू की गई है जिसके अन्तर्गत सभी वाहन चालकों के पास प्रदूषण सर्टिफिकेट होना जरूरी है. इसलिए वाहन प्रदूषण जांच केंद्र की मांग बहुत अधिक बढ़ गई है. यदि आप एक वाहन प्रदूषण जांच केंद्र खोलना चाहते हो तो आपको सबसे पहले प्रदूषण जांच केंद्र की शर्तों का पालन करना होगा और फिर आपको आईटीओ ऑफिस में जाकर प्रदूषण जांच केंद्र खोलने के लिए लाइसेंस प्राप्त करना होगा. उसके बाद आपको वाहन प्रदूषण जांच केंद्र खोलने के लिए आवेदन करना होगा. इसके अलावा आपको जांच केंद्र खोलने के लिए जगह का चयन भी करना होगा.

वाहन प्रदूषण जांच केंद्र खोलने के लिए आवश्यक शर्तें ( Prerequisites for vahan pradushan janch kendra)

यदि आप एक वाहन प्रदूषण जांच केंद्र खोलना चाहते हो तो आपको निम्न शर्तों का पालन करना होगा.

  • सबसे पहले उद्यमी को अपने नजदीकी आरटीओ ऑफिस में जाकर नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट प्राप्त करना होगा.
  • प्रदूषण जांच केंद्र का लाइसेंस लेने के बाद उसे हर वर्ष रिन्यू करवाना जरूरी है. क्योंकि यह लाइसेंस 1 साल के लिए ही वैलिडेट होता है इसलिए इसे रिन्यू जरूर करवाएं.
  • उद्यमी को अपने प्रदूषण जांच मैं लाइसेंस का नंबर दर्ज करवाना अनिवार्य होता है.
  • जब आप वाहन चालकों को अपने प्रदूषण जांच केंद्र से सर्टिफिकेट प्रदान करोगे तो उसमें सरकार द्वारा प्रदान किए गए स्टिकर को लगाना जरूरी है.
  • उद्यमी का प्रदूषण जांच केंद्र का केबिन पीले रंग का होना चाहिए और उसकी लंबाई 2.5 मीटर चौड़ाई 2 मीटर और ऊंचाई 2 मीटर होनी चाहिए.
  • उद्यमी अपने प्रदूषण केंद्र से जितने भी वाहन चालकों का सर्टिफिकेट जारी करता है उनकी सारी डिटेल्स 1 साल तक सुरक्षित रखना आवश्यक है.
  • प्रदूषण जांच केंद्र के अंदर का सर्टिफिकेट जिस नाम से जारी किया गया है केवल वही व्यक्ति वाहन के प्रदूषण की जांच कर सकता है और उसी के द्वारा वाहन चालकों को प्रदूषण जांच केंद्र का सर्टिफिकेट दिया जाएगा.

प्रदूषण जांच केंद्र खोलने के लिए जगह ( vahan pradushan janch kendra place)

प्रदूषण जांच केंद्र खोलने के लिए आपको ऐसी जगह का चयन करना होगा. जहां पर वाहन अधिक मात्रा में आते जाते हैं. जैसे पेट्रोल पंप, रेस्टोरेंट्स या ढाबा, हाईवे पर आदि जगह पर आप अपने प्रदूषण केंद्र को खोल सकते हो .क्योंकि इन जगह पर वाहनों का आना-जाना अधिक होता है. जिसके कारण आप के मुनाफे में वृद्धि हो सकती है.

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वाहन प्रदूषण जांच केंद्र खोलने के लिए योग्यता ( Eligibility in vahan pradushan janch kendra)

यदि उद्यमी वाहन प्रदूषण जांच केंद्र खोलना चाहता है तो उसके पास निम्न सर्टिफिकेट होना अनावश्यक है. तभी वह वाहन प्रदूषण जांच केंद्र खोल सकता है.

  • ऑटोमोबाइल इंजीनियरिंग सर्टिफिकेट ( automobile engineering certificate)
  • ऑटो मैकेनिक्स सर्टिफिकेट (auto mechanics certificate)
  • मोटर मैकेनिक सर्टिफिकेट(motor mechanic certificate)
  • स्कूटर मैकेनिक्स सर्टिफिकेट (scooter mechanics certificate)
  • डीजल मैकेनिक्स सर्टिफिकेट(diesel mechanics certificate)
  • इंडस्ट्रियल ट्रेनिंग इंस्टिट्यूट से प्रमाणित सर्टिफिकेट (industrial training institute certificate)

वाहन प्रदूषण जांच केंद्र खोलने के लिए उद्यमी के पास इन सभी सर्टिफिकेट का होना आवश्यक है. यदि उसके पास यह सर्टिफिकेट नहीं है तो वह प्रदूषण जांच केंद्र नहीं खोल सकता है.

वाहन प्रदूषण जांच केंद्र खोलने के लिए जरूरी उपकरण ( vahan pradushan janch kendra necessary equipment)

उद्यमी को वाहन प्रदूषण जांच केंद्र खोलने के लिए कुछ जरूरी उपकरण की आवश्यकता होगी. जिसके जरिए वह वाहन के प्रदूषण की जांच करके वाहन चालकों को सर्टिफिकेट प्रदान करेगा. चलिए जानते हैं कि वाहन प्रदूषण जांच केंद्र खोलने के लिए कौन-कौन से उपकरण की जरूरत होगी.

  • सबसे पहले उद्यमी को कंप्यूटर या फिर लैपटॉप की जरूरत होगी.
  • और फिर हाई स्पीड इंटरनेट कनेक्शन की जरूरत होगी.
  • एक यूएसबी वेब कैमरा की आवश्यकता होगी.
  • उद्यमी को एजेंट प्रिंटर की भी जरूरत होगी.
  • एक पावर सप्लाई की जरूरत होगी.
  • और स्मोक एनालाइजर की आवश्यकता होगी.

प्रदूषण जांच केंद्र खोलने के लिए लाइसेंस एवं पंजीकरण प्रक्रिया ( pradushan janch kendra required licence)

वाहन प्रदूषण जांच केंद्र खोलने के लिए उद्यमी दो तरीकों से पंजीकरण कर सकता है. पहला है ऑफलाइन एप्लीकेशन के माध्यम से और दूसरा ऑनलाइन आवेदन करके.

(1) वाहन प्रदूषण जांच केंद्र खोलने के लिए ऑफलाइन एप्लीकेशन प्रोसेस

यदि उद्यमी प्रदूषण जांच केंद्र के लिए ऑफलाइन आवेदन करना चाहता है तो वह निम्न स्टेप को फॉलो कर सकता है.

  • ऑफलाइन आवेदन करने के लिए सबसे पहले उद्यमी को अपने नजदीकी आरटीओ ऑफिस में जाना होगा.
  • जहां पर उद्यमी को आवेदन फार्म के साथ ₹10 के स्टांप पर शपथ पत्र बनवाना होगा. जिसमें नियम एवं शर्तें भी लिखनी होगी.
  • आवेदन फार्म से संबंधित जानकारी उद्यमी पॉल्यूशन टेस्टिंग सेंटर की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर ले सकता है.
  • और फिर उद्यमी को आरटीओ ऑफिस से ही वाहन प्रदूषण जांच केंद्र का लाइसेंस प्राप्त हो जाएगा.

(2) वाहन प्रदूषण जांच केंद्र खोलने के लिए ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया
प्रदूषण जांच केंद्र खोलने के लिए ऑनलाइन आवेदन करना चाहता है तो वह निम्न स्टेप को फॉलो कर सकते हो.

  • सबसे पहले उद्यमी को राष्ट्रीय राजमार्ग परिवहन की आधिकारिक वेबसाइट पर जाना होगा.
  • राष्ट्रीय राजमार्ग परिवहन की आधिकारिक वेबसाइट पर जाने के बाद New/old puc center नामक एक विकल्प दिखाई देगा उस पर उद्यमी को क्लिक करना है.
  • वहां पर क्लिक करने के बाद उद्यमी को एक आवेदन फार्म मिलेगा जिस पर प्रदूषण जांच केंद्र का पंजीकरण से संबंधित जानकारी भरनी होगी.
  • ध्यान रहे यह फार्म उद्यमी को बड़ी सावधानीपूर्वक भरना है यह फार्म भरने के बाद उद्यमी को रजिस्ट्रेशन का एक विकल्प दिखाई देगा उस पर क्लिक करना है.
  • इस तरह उद्यमी निम्न बिंदुओं को फॉलो करके ऑनलाइन आवेदन कर सकता है.

वाहन प्रदूषण केंद्र खोलने के लिए इन्वेस्टमेंट ( vahan pradushan janch kendra cost )

भारत के सभी राज्यों में वाहन प्रदूषण जांच केंद्र खोलने की फीस अलग-अलग है. यदि हम दिल्ली एनसीआर की बात करें तो वहा पर उद्यमी को सिक्योरटी शुल्क 5 हजार रुपए और लाइसेंस शुल्क 5 हजार देना होगा अर्थात दिल्ली एनसीआर में कहीं भी उद्यमी ₹10000 में वाहन प्रदूषण केंद्र खोल सकता है.

इसके अलावा उद्यमी को प्रदूषण जांच केंद्र खोलने के लिए जगह एवं उपकरण की लागत भी लगेगी.
इन सभी खर्च को मिलाकर बात की जाए तो उद्यमी को वाहन प्रदूषण केंद्र खोलने के लिए कम से कम 1 से 1.5 लाख रुपए की आवश्यकता होगी.

प्रदूषण जांच केंद्र में होने वाला जोखिम ( pradushan janch kendra risk)

वाहन प्रदूषण जांच केंद्र खोलने में किसी प्रकार का कोई जोखिम का सामना नहीं करना पड़ता है. लेकिन उद्यमी को इस बात का ध्यान रखना है कि लोकेशन का चयन ऐसी जगह ही करें जहां पर वाहनों का आना जाना अधिक हो. क्योंकि यदि आप ऐसी जगह का चुनाव करते हो जहा पर वाहनों का आना जाना नहीं होता है तो ऐसी स्थिति में वाहन प्रदूषण जांच केंद्र के चलने का चांस कम हो जाता है. इसीलिए उद्यमी को मार्केट रिसर्च करके अच्छी लोकेशन का चयन करना है.
इसके अलावा उद्यमी को हर साल लाइसेंस रिन्यू करवाने की जरूरत होगी. जिससे वह कानूनी कार्रवाई से बच सकें.

वाहन प्रदूषण जांच केंद्र में होने वाले लाभ ( vahan pradushan janch kendra profit)

प्रदूषण जांच केंद्र में लाभ की बात की जाए तो इसमें उद्यमी को लाभ कमाने में थोड़ा समय लग सकता है. क्योंकि शुरुआत में उद्यमी का प्रॉफिट कम हो सकता है लेकिन जैसे जैसे उसके परिचय का दायरा बढ़ता जाएगा. वह एक डेढ़ साल बाद इससे 40 से 45 हजार रुपए महीना आराम से कमा सकता है.

FAQ

वाहन प्रदूषण जांच केंद्र कहां पर खोलें ?

वाहन प्रदूषण जांच केंद्र आप वहां पर खोल सकते हो जहां पर वाहनों का आना जाना अधिक होता है. जैसे पेट्रोल पंप, रेस्टोरेंट्स, ढाबा, बाईपास रो,ड हाईवे रोड आदि जगह पर खोल सकते हो.

प्रदूषण जांच केंद्र खोलने में कितना निवेश करना होगा ?

उद्यमी को सारा खर्च मिलाकर इसमें 1 से 1.5 रुपए का निवेश करना होता है.

प्रदूषण जांच केंद्र खोलने में कितना निवेश करना होगा ?

उद्यमी को सारा खर्च मिलाकर इसमें 1 से 1.5 रुपए का निवेश करना होता है.

वाहन प्रदूषण जांच केंद्र खोलने के लिए क्या किसी डिग्री या शिक्षा की आवश्यकता होती है ?

जी नहीं लेकिन इसके लिए आपको ग्रेजुएट होना आवश्यक है और कंप्यूटर की बेसिक जानकारी होना चाहिए.

वाहन प्रदूषण केंद्र खोलने के लिए कौन-कौन से सर्टिफिकेट चाहिए होते हैं.

ऑटोमोबाइल इंजीनियरिंग सर्टिफिकेट
• ऑटो मैकेनिक्स सर्टिफिकेट
• मोटर मैकेनिक सर्टिफिकेट
• स्कूटर मैकेनिक्स सर्टिफिकेट
• डीजल मैकेनिक्स सर्टिफिकेट
• इंडस्ट्रियल ट्रेनिंग इंस्टिट्यूट से प्रमाणित सर्टिफिकेट

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